📖 मार्कण्डेय पुराण (देवी माहात्म्य), पद्म पुराण
परिचय
सप्ताह का पाँचवाँ दिन शुक्रवार कहलाता है। शुक्र ग्रहों में एक ग्रह का नाम है। इसी ग्रह के नाम पर इस दिन का नाम पड़ा है।
परंपरा में शुक्रवार को देवी से जोड़ा जाता रहा है। कई क्षेत्रों में इस दिन देवी मंदिरों में दर्शन की परंपरा देखी जाती है।
पारंपरिक मान्यताएँ
मार्कण्डेय पुराण में देवी माहात्म्य का प्रकरण आता है। इसे दुर्गा सप्तशती के नाम से भी जाना जाता है। इसमें देवी की कथाओं का विस्तार से वर्णन मिलता है। परंपरा में शुक्रवार को कई भक्त देवी से जुड़े स्तोत्र पढ़ते आए हैं।
पद्म पुराण में लक्ष्मी से जुड़ी कथाएँ मिलती हैं। परंपरा में शुक्रवार को लक्ष्मी का भी स्मरण किया जाता रहा है। दक्षिण और पश्चिम भारत के कई क्षेत्रों में यह परंपरा लंबे समय से चलती आई है।
इस दिन से जुड़ी कथाएँ